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महिला सुरक्षा, संरक्षा और सशक्तिकरण के लिए मिशन शक्ति कार्यक्रम

 

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस विशेष : हर साल आज के दिन यानी 08 मार्च दुनिया भर में महिलाओं के त्याग, साहस और सम्मान को समर्पित दिन होता है। महिलाएं समाज का एक अहम हिस्सा हैं, लेकिन बदलते वक्त के साथ महिलाएं आज राष्ट्र निर्माण में भी अपना योगदान दे रही हैं। खेल जगत की बात करें, मनोरंजन की या फिर राजनीति के क्षेत्र में, महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी बड़ी भूमिका का निर्वहन कर रही हैं। प्रत्येक वर्ष 08 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है ताकि महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया जा सके।

आइये आज हम चर्चा करते है मिशन शक्ति के बारे में :मिशन शक्ति एकीकृत महिला सशक्तीकरण सुनिश्चित करने हेतु एक मिशन मोड कार्यक्रम है जिसे महिलाओं की रक्षा, सुरक्षा और सशक्तीकरण हेतु अम्ब्रेला योजना के रूप में कार्यान्वयन हेतु 15वें वित्त आयोग की अवधि वर्ष 2021-22 से 2025-26 के दौरान लॉन्च किया गया ।

यह योजना संपूर्ण जीवन चक्र में महिलाओं को प्रभावित करने वाले मुद्दों पर विचार करने और उनके जीवन में बदलाव लाएगी तथा उन्हें नागरिक-स्वामित्व के माध्यम से राष्ट्र-निर्माण में समान भागीदार बनाएगी। इस तरह यह योजना सरकार की "महिलाओं के विकास" की प्रतिबद्धता को साकार रूप देगी।


योजना के तहत महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने, हिंसा और खतरे से मुक्त माहौल में अपने मस्तिष्क और शरीर के बारे में स्वतंत्र रूप से निर्णय लेने को प्रेरित किया जाएगा। योजना के तहत महिलाओं पर देखभाल के बोझ को कम करने और कौशल विकास, क्षमता निर्माण, वित्तीय साक्षरता, सूक्ष्म ऋण प्राप्त करने तक उनकी पहुंच बढ़ाकर महिला श्रम बल की भागीदारी को बढ़ाने का भी प्रयास किया जाएगा।

इस कार्यक्रम के प्रमुख घटक:

1. संबल : यह महिलाओं की सुरक्षा के लिये है।

संबल' उप-योजना के घटकों में नारी अदालतों के एक नए घटक के साथ वन स्टॉप सेंटर (OSC), महिला हेल्पलाइन (WHL), बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ (BBBP) की पूर्ववर्ती योजनाएँ शामिल हैं, इसके अलावा यह योजना समाज और परिवार के भीतर वैकल्पिक विवाद के समाधान एवं लैंगिक न्याय को बढ़ावा देने का काम करेगी।

2. सामर्थ्य :यह महिलाओं के सशक्तीकरण के लिये है। 'सामर्थ्य' उप-योजना के घटकों में उज्ज्वला, स्वाधार गृह और कामकाजी महिला छात्रावास की पूर्ववर्ती योजनाओं को संशोधनों के साथ शामिल किया गया है। इसके अलावा कामकाजी माताओं के बच्चों के लिये राष्ट्रीय क्रेच योजना और एकीकृत बाल विकास सेवा (ICDS) अम्ब्रेला योजना के तहत प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) की मौज़ूदा योजनाओं को अब सामर्थ्य योजना में शामिल किया गया है। सामर्थ्य योजना में आर्थिक सशक्तीकरण के लिये गैप फंडिंग (Gap Funding for Economic Empowerment) का एक नया घटक भी जोड़ा गया है।



सेवाएँ और गतिविधियाँ:

आपातकालीन/तत्काल सेवाएँ और अल्पकालिक देखभाल:

राष्ट्रीय टोल-फ्री नंबर और एकीकृत सेवाएँ जैसे- अस्थायी आश्रय, कानूनी सहायता, मनो-सामाजिक परामर्श, चिकित्सा सहायता, पुलिस सुविधा और उन्हें वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से मौज़ूदा सेवाओं से जोड़ना।

दीर्घकालिक समर्थन के लिये संस्थागत देखभाल:

इसमें गर्भाधान के चरण से लेकर उस समय तक महिलाओं की ज़रूरतों का ख्याल रखा जाता हैं जब तक उन्हें इस तरह की देखभाल और समर्थन की आवश्यकता नहीं होती। सखी निवास या वर्किंग वुमन हॉस्टल, कामकाजी महिलाओं के लिये एक सुरक्षित स्थान प्रदान करेगा।

महिलाओं के खिलाफ अपराध और हिंसा की रोकथाम के लिये संचार:

इसमें बड़े पैमाने पर जागरूकता कार्यक्रम और लैंगिक संवेदनशीलता के लिये सामुदायिक जुड़ाव शामिल होगा। इसके अलावा महिलाओं के खिलाफ हिंसा और लैंगिक रूढ़ियों का मुकाबला करने के लिये पुरुषों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।



मिशन शक्ति का उद्देश्य:

v हिंसा से प्रभावित महिलाओं एवं संकटग्रस्त महिलाओं को तत्काल और व्यापक निरंतर देखभाल, समर्थन और सहायता प्रदान करना।

v सहायता की आवश्यकता वाली महिलाओं और अपराध तथा हिंसा पीड़ितों के बचाव, संरक्षण और पुनर्वास के लिये गुणवत्ता तंत्र स्थापित करना।

v विभिन्न स्तरों पर महिलाओं के लिये उपलब्ध विभिन्न सरकारी सेवाओं तक पहुंँच में सुधार करना।

v दहेज, घरेलू हिंसा, कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न जैसी सामाजिक बुराइयों से लड़ने और लैंगिक समानता आदि को बढ़ावा देने के लिये सरकारी योजनाओं एवं कार्यक्रमों के साथ-साथ कानूनी प्रावधानों के बारे में लोगों को जागरूक करना।

v नीतियों, कार्यक्रमों/योजनाओं के अभिसरण के लिये सहयोगी मंत्रालयों /विभागों /राज्यों /केंद्रशासित प्रदेशों के साथ सहयोग और सभी क्षेत्रों में महिलाओं की सुरक्षा एवं सशक्तीकरण हेतु सार्वजनिक-निजी भागीदारी के लिये सक्षम वातावरण बनाना।

v लिंग आधारित लिंग चयन उन्मूलन के लिये बालिकाओं के अस्तित्व, संरक्षण, शिक्षा और विकास को सुनिश्चित करना।

यह महिलाओं पर देखभाल के बोझ को कम करने और कौशल विकास, क्षमता निर्माण, वित्तीय साक्षरता, माइक्रोक्रेडिट तक पहुँच आदि को बढ़ावा देकर महिला श्रम बल की भागीदारी को बढ़ाने का भी प्रयास करता है।

अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की बधाई एवं शुभकामनाए 

 अधिक जानकारी के लिए संपर्क सूत्र +91 9630228563 सत्येन्द्र प्रकाश सूर्यवंशी,छत्तीसगढ़ 

मूल स्रोत : पी.आई.बी. (Release ID: 1841533) दिनांक 14 जुलाई 2022


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